डा. सुरेश चन्द्र तिवारी बदलता स्वरूप परसपुर, गोण्डा। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय परसपुर सेवा केन्द्र परदादी प्रकाशमणि की पुण्य स्मृति दिवस को विश्व बंधुत्व के रूप में सेवा केन्द्र के भाई बहिनों ने मनाया। ब्रह्मा कुमारी अनामिका बहिन ने दादी के चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित करते हुए उपस्थित लोगों को बताया कि प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय की पूर्व प्रशासिका दादी प्रकाशमणि जी का जन्म 1927 में भारत के सिंध प्रांत में हुआ था।.उन्होंने 1936-37 के आस-पास में ब्रह्माकुमारी संगठन में सामिल होकर ईश्वरीय सेवार्थ समर्पित हुईं थीं। उन्हें ब्रह्माकुमारी संस्था की पहली प्रशासिका के रूप में जाना जाता है, दादी जी मूल्य निष्ट समाज की स्थापना करने में अपना जीवन समर्पित कर हजारों- लाखों के जीवन को सवांरा।उन्होंने ब्रह्माकुमारी संगठन में महिलाओं के लिए एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और उन्हें सशक्त बनाने में मदद की, ब्रह्माकुमारी संगठन के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया और इसे विश्व स्तर पर फैलाने में मदद की। उन्हें अपनी आध्यात्मिक ज्ञान और जीवन के प्रति उनके दृष्टिकोण के लिए जाना जाता था। उन्होंने ब्रह्माकुमारी संगठन की शिक्षाओं को फैलाने और लोगों को आध्यात्मिक ज्ञान प्रदान करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई, उन्हें उनकी सेवा भाव और दयालुता के लिए जाना जाता था।दादी प्रकाशमणि जी की पूर्ण स्मृति दिवस पर ब्रह्माकुमारी संगठन और उनके अनुयायी उनके जीवन और योगदान को याद करते हैं और उनकी शिक्षाओं को फैलाने के लिए प्रतिबद्ध रहते हैं। उक्त अवसर पर रामेंद्र नारायण सिंह कमला प्रसाद सिंह अनूप सिंह राम कुमार पांडेय, मास्टर पुत्तन लाल ‘इन्द्रजीत भाई ‘सुनील भाई बबिता बहिन -प्रीती बहिन ओम्, सुषमा उमा रमा माता आदि पहुंचे।
दादी प्रकाश मणि जी की पुण्यतिथि को विश्व बंधुत्व के रूप में मनाया गया
डा. सुरेश चन्द्र तिवारी बदलता स्वरूप परसपुर, गोण्डा। प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय परसपुर सेवा केन्द्र परदादी प्रकाशमणि की पुण्य स्मृति दिवस को विश्व बंधुत्व के रूप में सेवा केन्द्र के भाई बहिनों ने मनाया। ब्रह्मा कुमारी अनामिका बहिन ने दादी के चित्र पर माल्यार्पण कर पुष्पांजलि अर्पित करते हुए उपस्थित लोगों को बताया कि प्रजापिता…
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