पत्रकारों पर हमले से उबाल, डीएम-एसपी को सौंपा ज्ञापन

सत्यम मिश्रा व अतुल तिवारी प्रकरण में कार्रवाई की मांग, पत्रकार संघ बोला—हमलों और धमकियों पर तत्काल रोक लगाए प्रशासन
गोंडा। पत्रकारों पर लगातार हो रहे हमले और उत्पीड़न की घटनाओं को लेकर मंगलवार को पत्रकारों का आक्रोश खुलकर सामने आया। अखिल भारतीय पत्रकार संघ के पदाधिकारियों ने जिलाध्यक्ष रईस अहमद एवं प्रदेश महासचिव पवन जायसवाल के नेतृत्व में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपकर पत्रकार सत्यम मिश्रा पर हुए हमले तथा अतुल तिवारी के साथ मारपीट के मामलों में निष्पक्ष जांच और आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।ज्ञापन में कहा गया कि पत्रकार समाज और शासन-प्रशासन के बीच महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में जनसमस्याओं एवं जनहित के मुद्दों को प्रमुखता से उठाते हैं। ऐसे में पत्रकारों पर हमला, मारपीट और धमकी की घटनाएं गंभीर चिंता का विषय हैं। संघ ने प्रशासन से मांग की कि सत्यम मिश्रा प्रकरण की निष्पक्ष जांच कर सभी नामजद एवं फरार आरोपियों को तत्काल गिरफ्तार किया जाए तथा अतुल तिवारी प्रकरण में भी दोषियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।पत्रकार संघ ने यह भी मांग की कि पत्रकारों को धमकी, दबाव या हमले की शिकायतों पर संबंधित थानों द्वारा तत्काल और प्रभावी कार्रवाई की जाए। पत्रकारों की सुरक्षा के लिए ठोस व्यवस्था बनाने के साथ जिला प्रशासन और पत्रकार संगठनों के बीच नियमित समन्वय स्थापित किया जाए।ज्ञापन सौंपने के दौरान वरिष्ठ पत्रकार नदीम सिद्दीकी, परसपुर विकास मंच के अध्यक्ष अरुण सिंह के साथ-साथ अखिल भारतीय पत्रकार संघ के संजय प्रजापति, विनीत श्रीवास्तव, शिवानंदन यादव, पंकज भारतीय, दिनेश श्रीवास्तव, लवकुश कुमार, इमरान अहमद, अतीक राईन, महफूज, श्रवण कुमार, फहीम खान, विदेश्वरी प्रसाद वर्मा, मुख्तार अली, मोहम्मद रेहान रजा, सरोज मौर्या, जिताऊ राम मौर्य, ज्योति वर्मा, जावेद अहमद, राकेश सिंह, वहीदुल्ला चौधरी, महबूब अहमद, शोएब अख्तर, रामजन्म तिवारी, मनीष गोस्वामी, शाहबाज खान, रूमन शुक्ला, गोलू खान, दिनेश कश्यप, महेश, दिलीप वर्मा, अतुल कुमार, दानिश सहित बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे। पत्रकारों ने एक स्वर में प्रशासन से निष्पक्ष कार्रवाई और पत्रकारों के लिए भयमुक्त वातावरण सुनिश्चित करने की मांग की।




