आंधी-तूफान ने उजाड़ा गरीब का आशियाना, तीन दिन बाद भी मदद को नहीं पहुंचा कोई जिम्मेदार

26 सितंबर को दी गई सूचना, 29 तक नहीं हुई पीड़ित परिवार की सुध; गृहस्थी का सामान भी हुआ बर्बाद
महेश गोस्वामीकटरा बाजार, गोण्डा। बीते दिनों आए तेज आंधी-तूफान ने गरीब परिवार के सिर से छत छीन ली। पेड़ गिरने से आशियाना पूरी तरह उजड़ गया और घर में रखा गृहस्थी का सामान भी बर्बाद हो गया। परिवार के सामने अब सिर छिपाने तक की समस्या खड़ी हो गई है। पीड़ित का आरोप है कि सूचना देने के बावजूद तीन दिन बीत जाने के बाद भी कोई जिम्मेदार अधिकारी मौके पर हालात देखने तक नहीं पहुंचा। मामला तहसील कर्नलगंज के विकासखंड कटरा बाजार अंतर्गत चय पुरवा गांव का बताया जा रहा है। यहां रहने वाले जसवंत के घर पर आंधी-तूफान के दौरान पेड़ गिर गया, जिससे उसका मकान क्षतिग्रस्त होकर रहने लायक नहीं बचा। हादसे में घर में रखा गृहस्थी का सामान भी बर्बाद हो गया। पीड़ित परिवार के पास फिलहाल रहने के लिए सुरक्षित स्थान तक नहीं है।पीड़ित जसवंत के मुताबिक उसने 26 सितंबर को हल्का लेखपाल और ग्राम प्रधान को घटना की सूचना दी थी, लेकिन 29 सितंबर तक किसी जिम्मेदार अधिकारी ने मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा नहीं लिया। पीड़ित परिवार का कहना है कि वह आर्थिक रूप से बेहद कमजोर है और प्राकृतिक आपदा ने उसकी पूरी गृहस्थी तबाह कर दी है।सरकारी स्तर पर दैवीय आपदा से प्रभावित लोगों को निर्धारित समय में सहायता उपलब्ध कराने की बात कही जाती है, लेकिन पीड़ित परिवार के मामले में जमीनी स्थिति अलग नजर आ रही है। तीन दिन बीतने के बाद भी मदद नहीं मिलने से परिवार परेशान है।पीड़ित जसवंत और उसकी पत्नी ने प्रशासन से तत्काल मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन कराने तथा नियमानुसार आर्थिक सहायता और रहने की व्यवस्था उपलब्ध कराने की मांग की है। अब देखना यह है कि जिम्मेदार अधिकारी इस गरीब परिवार की सुध कब लेते हैं।




